राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र 28 जनवरी 2026 से: राज्यपाल का अभिभाषण, बहस और संभावित हंगामे के संकेत
राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र 28 जनवरी 2026 से शुरू हो रहा है। सत्र की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण से होगी और इसके बाद अभिभाषण पर चर्चा/बहस होगी। फरवरी के दूसरे सप्ताह में बजट पेश होने की संभावना बताई गई है।
सत्र की शुरुआत: राज्यपाल का अभिभाषण और राजनीतिक एजेंडा
राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र 28 जनवरी 2026 से शुरू होने जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, सत्र की औपचारिक शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण से होगी। इसके बाद अभिभाषण पर सदन में बहस की प्रक्रिया चलेगी, जहां सरकार अपनी प्राथमिकताएं और उपलब्धियां रखेगी तथा विपक्ष उन पर सवाल उठाकर अपनी रणनीति दिखाएगा।

बजट टाइमलाइन: फरवरी के दूसरे सप्ताह में पेश होने की संभावना
सत्र के दौरान राज्य के बजट को लेकर चर्चाएं स्वाभाविक रूप से केंद्र में रहेंगी। खबर में संकेत दिया गया है कि बजट फरवरी 2026 के दूसरे सप्ताह में पेश किया जा सकता है। बजट से पहले विभागीय मांगें, योजनाओं का लेखा-जोखा और वित्तीय प्रावधानों पर राजनीतिक टकराव बढ़ने की संभावना रहती है।
विधायी कामकाज: अहम बिल और नीतिगत बदलाव
रिपोर्ट के अनुसार सत्र में एक महत्वपूर्ण विधेयक लाने की बात भी सामने आई है, जिसमें दो बच्चों की बाध्यता हटाने से जुड़ा प्रावधान शामिल हो सकता है। ऐसे प्रावधान आम तौर पर सामाजिक नीति, प्रशासनिक नियमों और स्थानीय निकाय/सेवाओं से जुड़े मानकों पर असर डालते हैं, इसलिए इन्हें लेकर बहस तीखी होने की संभावना रहती है।
विपक्ष के तेवर और सदन में हंगामे की आशंका
खबर में यह भी कहा गया है कि विपक्ष सरकार के खिलाफ सख्त रुख अपना सकता है, जिससे सदन में हंगामे की आशंका जताई जा रही है। बजट सत्र में प्रश्नकाल, बहस और ध्यानाकर्षण प्रस्ताव जैसे मंचों पर विपक्ष आम तौर पर महंगाई, रोजगार, कानून-व्यवस्था और योजनाओं के क्रियान्वयन जैसे मुद्दे उठाता है।
राजस्थान का बजट सत्र सिर्फ वित्तीय दस्तावेज नहीं—यह सरकार की नीतिगत दिशा और विपक्ष की राजनीतिक धार का भी बड़ा परीक्षण होता है।
कुल मिलाकर, 28 जनवरी 2026 से शुरू हो रहा यह सत्र राज्य की राजनीति के लिए निर्णायक माना जा रहा है—क्योंकि इसी मंच पर बजट के साथ-साथ अहम विधेयकों और सरकार-विपक्ष के शक्ति-संतुलन की झलक भी सामने आती है।