कनाडा के PM मार्क कार्नी का ट्रंप की 100% टैरिफ धमकी पर जवाब: 'हम कनाडाई खरीदेंगे'
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने डोनाल्ड ट्रंप की ओर से कनाडाई वस्तुओं पर 100% टैरिफ लगाने की धमकी के जवाब में ‘कनाडाई खरीद’ नीति पर जोर दिया। बयान ऐसे समय आया है जब व्यापारिक तनाव और वैश्विक सप्लाई-चेन पर अनिश्चितता बढ़ने की चर्चा है।
अमेरिका-कनाडा व्यापार संबंधों में एक बार फिर तीखी बयानबाजी देखने को मिली है। 25 जनवरी 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने डोनाल्ड ट्रंप की 100% टैरिफ धमकी के जवाब में स्पष्ट कहा कि कनाडा ‘कनाडाई खरीद’ नीति पर आगे बढ़ेगा। उनका संकेत घरेलू उद्योगों की रक्षा और राष्ट्रीय हितों को प्राथमिकता देने की ओर था।

क्यों अहम है यह बयान?
टैरिफ बढ़ोतरी की धमकियां अक्सर सीमा-पार कारोबार, ऑटो/एग्री-प्रोडक्ट्स, ऊर्जा और मैन्युफैक्चरिंग जैसी सप्लाई-चेन आधारित इंडस्ट्री पर सीधा असर डालती हैं। ऐसे में ‘Buy Canadian’ जैसे संदेश घरेलू उत्पादन और स्थानीय सप्लायर को बढ़ावा देने का राजनीतिक-आर्थिक संकेत माने जाते हैं।
व्यापारिक तनाव का संभावित असर
यदि टैरिफ वास्तव में लागू होते हैं, तो निर्यातकों की लागत बढ़ सकती है, उपभोक्ता कीमतों पर दबाव आ सकता है और कंपनियां वैकल्पिक बाज़ार/सोर्सिंग की ओर शिफ्ट हो सकती हैं। रिपोर्ट में यह भी संकेत दिया गया कि कनाडा के व्यापारिक समीकरणों में बदलाव की चर्चा के बीच चीन की ओर झुकाव जैसी अटकलें भी सामने आ रही हैं।
आगे की दिशा
अभी यह स्पष्ट नहीं है कि धमकी किस नीति प्रस्ताव के रूप में आगे बढ़ेगी, लेकिन ऐसे बयानों से निवेशकों और कंपनियों के लिए अनिश्चितता बढ़ती है। आने वाले दिनों में कूटनीतिक बातचीत, व्यापार वार्ताएं और जवाबी कदम इस मुद्दे की दिशा तय कर सकते हैं।
व्यापार विवादों में अक्सर ‘टार्गेटेड रिटेलिएशन’ और सेक्टर-विशेष छूट जैसी रणनीतियां अपनाई जाती हैं। कनाडा का अगला कदम घरेलू राजनीति, उद्योग जगत के दबाव और अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों के संतुलन से तय हो सकता है।